डेंगराहा नदी घाट से अवैध उत्खनन और परिवहन की शिकायत पर संयुक्त टीम की कार्रवाई, भरौली थाने में सुपुर्द किए गए ट्रैक्टर
रिपोर्ट: बाल्मीकि यादव | जिला ब्यूरो, | उमरिया, मध्य प्रदेश
उमरिया। जिले में रेत के अवैध उत्खनन और परिवहन के खिलाफ जिला प्रशासन ने कार्रवाई तेज कर दी है। जिला मुख्यालय से लगे ग्राम बड़ेरी में प्रशासन की संयुक्त टीम ने कार्रवाई करते हुए रेत से भरे दो ट्रैक्टर जब्त किए हैं। बताया जा रहा है कि डेंगराहा नदी घाट से रेत के अवैध उत्खनन एवं परिवहन की शिकायत मिलने के बाद यह कार्रवाई की गई। प्रशासन की इस कार्रवाई से अवैध रूप से रेत का कारोबार करने वालों में हड़कंप मचने की बात सामने आ रही है।
कार्रवाई के दौरान एसडीएम अम्बिकेश प्रताप सिंह, तहसीलदार दिलीप सोनी और खनिज विभाग की एनएस आर्मो के नेतृत्व वाली टीम मौजूद रही। संयुक्त टीम ने मौके पर कार्रवाई करते हुए रेत से भरे दोनों ट्रैक्टरों को जब्त किया। इसके बाद जब्त वाहनों को आवश्यक कार्रवाई के लिए भरौली थाना पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया।
शिकायत के बाद हरकत में आया प्रशासन
जानकारी के अनुसार, डेंगराहा नदी घाट से रेत के अवैध उत्खनन और परिवहन को लेकर शिकायतें सामने आई थीं। इसके बाद जिला प्रशासन और खनिज विभाग की संयुक्त टीम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए कार्रवाई की। ग्राम बड़ेरी के पास की गई इस कार्रवाई में रेत से भरे दो ट्रैक्टरों को पकड़ा गया।
रेत का अवैध उत्खनन न केवल प्राकृतिक संसाधनों को नुकसान पहुंचा सकता है, बल्कि इससे शासन को मिलने वाले राजस्व पर भी असर पड़ता है। यदि नदी घाटों से निर्धारित नियमों के विपरीत खनन और परिवहन किया जाता है, तो नदी के प्राकृतिक स्वरूप और आसपास के पर्यावरण पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की आशंका रहती है।
ऐसे में प्रशासन की जिम्मेदारी है कि खनन संबंधी नियमों का पालन सुनिश्चित कराया जाए और अवैध गतिविधियों में संलिप्त पाए जाने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाए।
एसडीएम और तहसीलदार की मौजूदगी में कार्रवाई
ग्राम बड़ेरी में की गई कार्रवाई में राजस्व और खनिज विभाग की संयुक्त भागीदारी रही। एसडीएम अम्बिकेश प्रताप सिंह और तहसीलदार दिलीप सोनी की मौजूदगी में टीम ने दोनों ट्रैक्टरों को जब्त किया। कार्रवाई के दौरान खनिज विभाग की टीम भी मौजूद रही।
जब्त वाहनों को भरौली थाना में सुपुर्द किए जाने के बाद आगे की वैधानिक प्रक्रिया संबंधित विभागों द्वारा की जानी है। हालांकि, इस मामले में वाहन मालिकों की पहचान, खनन की अनुमति और संभावित जुर्माने के संबंध में विस्तृत जानकारी अभी सामने नहीं आई है।
अवैध खनन पर कार्रवाई जारी
जिले में रेत के अवैध उत्खनन और परिवहन को रोकना प्रशासन के लिए महत्वपूर्ण चुनौती है। नदी घाटों से खनिज संपदा के दोहन पर निगरानी रखने और नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध कार्रवाई करने की जिम्मेदारी संबंधित विभागों की है।
प्रशासन की इस कार्रवाई के बाद अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि डेंगराहा नदी घाट पर अवैध उत्खनन की शिकायतों की आगे किस प्रकार जांच की जाती है। साथ ही, यह भी महत्वपूर्ण है कि अवैध खनन में इस्तेमाल होने वाले वाहनों और इसमें शामिल लोगों के विरुद्ध नियमानुसार क्या कार्रवाई होती है।
यदि लगातार निगरानी और प्रभावी कार्रवाई की जाती है, तो अवैध खनन पर अंकुश लगाने में मदद मिल सकती है। इसके लिए राजस्व, खनिज विभाग और पुलिस के बीच समन्वय बनाए रखना भी जरूरी है।
प्रशासन की कार्रवाई से अवैध कारोबार पर अंकुश लगाने की उम्मीद
ग्राम बड़ेरी में दो ट्रैक्टरों की जब्ती को अवैध रेत परिवहन के विरुद्ध प्रशासन की कार्रवाई के रूप में देखा जा रहा है। हालांकि, प्रभावी नियंत्रण के लिए केवल छिटपुट कार्रवाई पर्याप्त नहीं होगी। नदी घाटों की नियमित निगरानी, शिकायतों की समय पर जांच और दोषी पाए जाने वालों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई आवश्यक है।
फिलहाल, डेंगराहा नदी घाट से अवैध उत्खनन और परिवहन की शिकायत पर जिला प्रशासन की संयुक्त टीम ने दो ट्रैक्टर जब्त कर भरौली थाना पुलिस के सुपुर्द किए हैं। अब आगे की कार्रवाई पर नजर रहेगी।